चीनी रॉकेट के हिस्से रिहायशी इलाकों में गिरे, आसमान में फैल गई जहरीली गैस

चीनी रॉकेट

हाल ही में चीन की एक रॉकेट कंपनी का रॉकेट जलते हुए चीन के ही एक गांव में जा गिरा। 22 जून को ऑनलाइन प्रसारित एक वीडियो में एक चीनी रॉकेट का मलबा घनी आबादी वाले क्षेत्र में गिरता हुआ दिखाया गया, जिससे निवासियों को छिपने के लिए संघर्ष करना पड़ा क्योंकि उस राकेट से घने गहरे पीले रंग का धुआँ आसमान में फैल गया था, जो एक भयानक दृश्य था। चीन के लोगों के लिए ये एक नारकीय आपदा के रूप में माना गया है।

यह राकेट का नाम (तियानलोंग-3)Tianlong-3 था। इसे चीन की प्राइवेट कंपनी (अंतरिक्ष पायनियर) ने विकसित किया था। यह राकेट परीक्षण क्षेत्र से 2 किलोमीटर दूर चीन के हेनान प्रांत के गोंगयी में गिरा। आसमान में फैले घने पीले रंग का धुआँ का उपयोग रॉकेट को आगे बढ़ाने के लिए किया जाता है, लेकिन यह घातक रूप से जहरीला होता है। यदि यह त्वचा या आँखों के संपर्क में आता है तो यह मानव ऊतक को नष्ट कर सकता है और यदि फेफड़ों के माध्यम से साँस ली जाए तो मृत्यु का कारण बन सकता है। फिलहाल चीनी रॉकेट से किसी की मौत की खबर नहीं है। चीन को अपने अंतरिक्ष प्रयासों में लगातार ऐसी असफलताओं का सामना करना पड़ रहा है।

यह पहली बार नहीं है, पिछले 3 वर्षों में कई चीनी रॉकेट घटनाओं की सूचना मिली है, 2002 में उत्तरी चीन में एक लड़का घायल हो गया था जब एक उपग्रह का मलबा उसके शानी प्रांत के गाँव पर गिरा था, अतीत में कई त्रासदियाँ हुई हैं, सबसे उल्लेखनीय त्रासदियों में से एक 1996 में लॉन्ग मार्च 3B रॉकेट के कारण हुई थी, यह लॉन्च टॉवर को साफ़ करने में विफल रहा और रास्ते से भटक गया, जिससे चीनी रॉकेट आग के गोले में बदल गया, जिससे रात दिन में बदल गई, रॉकेट ईंधन प्रज्वलित हो गया और 10-मंजिला लॉन्च टॉवर से मलबा बरस पड़ा और सब कुछ नष्ट हो गया पास के एक गांव में दर्जनों लोगों की मौत हो गई और 85 मिलियन डॉलर का अमेरिकी कार्गो उपग्रह नष्ट हो गया।

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1996 एक भयानक दृश्य है जिसे चीनी लोग कभी नहीं भूल पाएंगे और साथ ही विस्फोट के बचे लोगों के लिए एक दर्दनाक याद है, लॉन्ग मार्च 3बी रॉकेट कार्यक्रम की काफी आलोचना के बावजूद चीनी सरकार अपने ऑपरेशन को जारी रखती है, जिससे आस-पास के क्षेत्रों में चिंताएँ पैदा होती हैं, वास्तव में चीनी विमान अधिकारियों ने भी 2019 की शुरुआत में इस स्थिति से निपटने के लिए समाधान प्रस्तावित किए था जिस कारण चीन ने अपने रॉकेट के पहले चरण को आबादी वाले क्षेत्रों से दूर ले जाके के परीक्षण शुरू किया।

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